सीएम योगी आदित्यनाथ के राज में उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था एक मजाक बनकर रह गई है. इस बात पर ठप्पा लगा रही ललितपुर में दलित बुजुर्ग के साथ मारपीट.

बात दें कि ललितपुर में 65 साल के दलित शख्स के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई और उसे जबरन पेशाब पीने के लिए मजबूर किया गया.

इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक, इंसानियत को शर्मशार करने वाली ये घटना हुई ललितपुर के रोडा गांव में. आरोप है कि सोनू यादव नाम के एक शख्स ने कथित तौर पीड़ित अमर के बेटे पर कुछ दिनों पहले कुल्हाड़ी से हमला किया था.

पिता और बेटे के पुलिस में शिकायत करने के बाद आरोपी सोनू ने कथित तौर पर उन्हें मामला सुलझाने और अपनी शिकायत वापस लेने के लिए मजबूर किया.

इसके बाद आरोपी ने पिता अमर को पेशाब पीने के लिए मजबूर किया.

पीड़ित अमर ने एक समाचार एजेंसी को बताया कि, “जब मैंने इनकार किया तो उसने मुझ पर डंडे से हमला किया. उसने कुछ दिन पहले कुल्हाड़ी से मेरे बेटे पर भी हमला किया था, जिसकी हमने पुलिस में शिकायत भी की थी लेकिन उसने हमें मामला वापस लेने के लिए मजबूर किया था.”

ललितपुर के एसपी मिर्जा मंजर बेग ने कहा कि FIR दर्ज की गई है और आरोपी की तलाश जारी है.

उन्होंने कहा, “कुछ प्रभावशाली लोगों ने रोडा गांव में कुछ ग्रामीणों की पिटाई की. पुलिस ने सूचना मिलने पर FIR दर्ज की. मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और इस मामले में शामिल अन्य लोगों की तलाश की जारी है. हम किसी तरह की गुंडई बर्दाश्त नहीं करेंगे.”